June 2, 2026

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धमतरी में अवैध खनन पर बड़ी कार्रवाई: 5 मशीनें जब्त, मुख्यमंत्री के सख्त निर्देशों का असर

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सख्त निर्देशों के बाद प्रदेश में अवैध खनन के खिलाफ अभियान तेज हो गया है। तकनीक आधारित निगरानी और सख्त कार्रवाई के चलते अवैध खनन पर अब प्रभावी अंकुश लगाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री के निर्देशों का असर

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन करने वालों को किसी भी हाल में छूट नहीं दी जाएगी। उनके निर्देशों के अनुसार:

  • प्रदेशभर में खनिज विभाग और केंद्रीय उड़नदस्ता की टीम लगातार छापेमारी कर रही है।
  • सूक्ष्म निगरानी और आधुनिक तकनीक का उपयोग कर अवैध खनन की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
  • त्वरित और कठोर कार्रवाई से नियमों का पालन सुनिश्चित किया जा रहा है।

धमतरी में हुई बड़ी कार्रवाई

31 मई 2025 की रात, खनिज विभाग के सचिव और संचालक के निर्देश पर केंद्रीय उड़नदस्ता और जिला स्तरीय टीम ने धमतरी जिले के विभिन्न क्षेत्रों में औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में:

  • ग्राम नारी स्थित महानदी क्षेत्र में 5 चैन माउंटेन मशीनें रेत उत्खनन में लगी पाई गई।
  • मशीनों के संचालन के लिए कोई वैध अनुमति या आदेश प्रस्तुत नहीं किया गया।
  • अवैध खनन के आरोप में प्रकरण दर्ज किया गया और मशीनें जब्त एवं सील कर दी गईं।

कानूनी कार्रवाई

खनिज और खनन (विकास और विनियमन) अधिनियम, 1957 की धारा 21 के तहत:

  • सभी मशीनों को सील किया गया।
  • मशीनों के मुख्य द्वार पर नोटिस चस्पा कर जवाब मांगा गया।
  • जांच टीम और जिला अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।

अवैध खनन पर सरकार की नीति

प्रदेश सरकार ने अवैध खनन रोकने के लिए:

  • सतत निगरानी तंत्र लागू किया है।
  • अभियानात्मक कार्रवाई जारी रखी है।
  • कानून तोड़ने वालों को स्पष्ट संदेश दिया है कि कोई रियायत नहीं दी जाएगी।

नतीजा

इन उपायों से अवैध खनन गतिविधियों पर नियंत्रण स्थापित हुआ है। राज्यभर में जारी अभियान के चलते लोगों में भय उत्पन्न हो रहा है और कानून का पालन बढ़ रहा है। यह कदम यह दिखाता है कि सरकार अवैध खनन को बर्दाश्त नहीं करेगी और नियमों के उल्लंघन पर कठोर कार्रवाई करेगी।

मुख्य बातें:

  • धमतरी में 5 मशीनें जब्त।
  • केंद्रीय उड़नदस्ता और जिला टीम की संयुक्त कार्रवाई।
  • कानून तोड़ने वालों को कोई रियायत नहीं।
  • प्रदेश में सतत निगरानी और तकनीक आधारित मॉनिटरिंग।

अवैध खनन के खिलाफ यह कदम न केवल धमतरी बल्कि पूरे प्रदेश के लिए एक संदेश है कि कानून के उल्लंघन करने वालों के लिए कोई जगह नहीं है।