July 28, 2026

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नवा रायपुर में निवेशकों को बड़ी राहत! OTS योजना-2026 मंजूर, ₹61.96 करोड़ की ब्याज छूट से रुकी परियोजनाओं को मिलेगी रफ्तार

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने नवा रायपुर अटल नगर के विकास को नई गति देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद् की बैठक में नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (एनआरडीए) की वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना-2026 को मंजूरी दे दी गई है। यह योजना भूखंडों और निर्मित परिसरों के पात्र आबंटितियों को ब्याज एवं अधिभार में राहत देने के साथ-साथ वर्षों से लंबित मामलों के समाधान और रुकी हुई विकास परियोजनाओं को दोबारा गति देने का रास्ता खोलेगी।

सरकार का मानना है कि यह फैसला न केवल निवेशकों का भरोसा मजबूत करेगा, बल्कि नवा रायपुर को एक आधुनिक, नियोजित और निवेश-अनुकूल शहर के रूप में विकसित करने में भी अहम भूमिका निभाएगा।

क्या है OTS योजना-2026?

OTS (वन टाइम सेटलमेंट) योजना-2026 एनआरडीए द्वारा आबंटित भूखंडों और निर्मित परिसरों से जुड़े लंबित मामलों के समाधान के लिए तैयार की गई विशेष योजना है। इसके तहत पात्र आबंटितियों को ब्याज और अधिभार में राहत मिलेगी, जिससे वे अपनी परियोजनाओं को दोबारा शुरू कर सकेंगे।

यह योजना लागू होने की तिथि से 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी। इस अवधि में प्राप्त आवेदनों का नियमानुसार निपटारा किया जाएगा।

योजना की प्रमुख विशेषताएं

OTS योजना-2026 के तहत कई महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं—

  • पात्र आबंटितियों को ब्याज और अधिभार में राहत मिलेगी।
  • लंबित प्रकरणों के शीघ्र समाधान का अवसर मिलेगा।
  • रुकी हुई विकास परियोजनाओं को दोबारा शुरू करने में मदद मिलेगी।
  • निवेशकों का विश्वास बढ़ेगा।
  • अनावश्यक न्यायालयीन विवादों में कमी आएगी।
  • भूमि का बेहतर और समयबद्ध उपयोग सुनिश्चित होगा।
  • नवा रायपुर में आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।

भूमि समर्पण का भी मिलेगा विकल्प

योजना की एक महत्वपूर्ण विशेषता यह भी है कि जो आबंटी अपनी परियोजना को आगे बढ़ाना नहीं चाहते, उन्हें आबंटित भूमि वापस समर्पित कर अनुबंध से बाहर होने का विकल्प दिया जाएगा।

इस व्यवस्था से लंबे समय से लंबित विवादों में कमी आएगी और ऐसी भूमि का उपयोग नई परियोजनाओं के लिए किया जा सकेगा।

सरकार को नहीं होगी वित्तीय हानि

एनआरडीए ने स्पष्ट किया है कि इस योजना के तहत भूमि प्रीमियम में किसी प्रकार की छूट नहीं दी जाएगी। किसी भी भूखंड का सेटलमेंट वर्तमान रिजर्व प्रीमियम मूल्य से कम पर नहीं होगा।

यानी—

  • भूमि का मूल्य सुरक्षित रहेगा।
  • प्राधिकरण को वित्तीय नुकसान नहीं होगा।
  • पात्र आबंटितियों को केवल ब्याज और अधिभार में राहत मिलेगी।

सरकारी अनुमान के अनुसार इस योजना से पात्र हितग्राहियों को लगभग ₹61.96 करोड़ की ब्याज एवं अधिभार राहत मिल सकती है।

मुख्यमंत्री ने क्या कहा?

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार का प्रत्येक निर्णय विकास को गति देने और जनहित में व्यावहारिक समाधान उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लिया जा रहा है। उनके अनुसार OTS योजना-2026 निवेशकों का विश्वास बढ़ाने, लंबित मामलों के समाधान और नवा रायपुर के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

निवेश और विकास को मिलेगा नया प्रोत्साहन

आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि सरकार निवेशकों के लिए पारदर्शी और भरोसेमंद वातावरण तैयार करने के लिए लगातार नीतिगत फैसले ले रही है। OTS योजना-2026 से रुकी हुई परियोजनाएं आगे बढ़ेंगी, मुकदमेबाजी कम होगी और नवा रायपुर में निवेश का माहौल मजबूत होगा।

उन्होंने कहा कि यह निर्णय नवा रायपुर को देश के अग्रणी नियोजित और आधुनिक शहरों की श्रेणी में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा।

नवा रायपुर के विकास को मिलेगी नई दिशा

विशेषज्ञों का मानना है कि लंबित मामलों का शीघ्र समाधान किसी भी नियोजित शहर के विकास के लिए बेहद जरूरी होता है। OTS योजना-2026 के लागू होने से न केवल विकास परियोजनाओं को नई गति मिलेगी, बल्कि भूमि का प्रभावी उपयोग, निवेश में वृद्धि और आर्थिक गतिविधियों का विस्तार भी होगा।

यह निर्णय नवा रायपुर को अधिक व्यवस्थित, आधुनिक और निवेश-अनुकूल शहर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे आने वाले वर्षों में प्रदेश के शहरी विकास को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।