नई दिल्ली. बैंक फ्रॉड मामले में सीबीआई के वीडियोकॉन के चेयरमैन वेणुगोपाल धूत को गिरफ्तार किए जाने की खबर सामने आ रही है. दो दिन पहले ही सीबीआई ने मामले में आईसीआईसीआई बैंक की पूर्व एमडी और सीईओ चंदा कोचर और उनके पति दीपक कोचर को गिरफ्तार किया था.
बता दें कि 2012 में वीडियोकॉन ग्रुप को ICICI बैंक द्वारा लोन दिया गया था. जो बाद में एनपीए हो गया और बाद में इसे “बैंक फ्रॉड” कहा गया. दरअसल, 2012 में, चंदा कोचर के नेतृत्व में आईसीआईसीआई बैंक ने वीडियोकॉन ग्रुप को 3,250 करोड़ का लोन दिया और छह महीने बाद वेणुगोपाल धूत के स्वामित्व वाली मेसर्स सुप्रीम एनर्जी ने मैसर्स न्यूपावर रिन्यूएबल्स को 64 करोड़ का लोन दिया, जिसमें दीपक कोचर की 50% हिस्सेदारी है.
मामले में ICICI बैंक और वीडियोकॉन के शेयर होल्डर अरविंद गुप्ता ने प्रधानमंत्री, रिजर्व बैंक और सेबी को पत्र लिखकर वीडियोकॉन के अध्यक्ष वेणुगोपाल धूत और ICICI की सीईओ व एमडी चंदा कोचर पर एक-दूसरे को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया था. इसमें दावा गया कि वीडियोकॉन को आईसीआईसीआई बैंक से 3250 करोड़ रुपये का लोन दिया गया और इसके बदले धूत ने चंदा कोचर के पति दीपक कोचर की वैकल्पिक ऊर्जा कंपनी ‘नूपावर’ में अपना पैसा निवेश किया.

More Stories
लड़की की आवाज में बात, शादी का झांसा और फिर ठगी! जांजगीर-चांपा में साइबर गैंग का भंडाफोड़, ऐसे बनाते थे शिकार
भारत की कॉरपोरेट कमाई का 60% से ज्यादा हिस्सा इन 5 कारोबारी घरानों के पास! अडानी-अंबानी के साथ ये नाम भी चौंकाएंगे
MCB पुलिस विभाग में बड़ा फेरबदल: 3 अधिकारियों का तबादला, झगराखांड-चिरमिरी-जनकपुर थानों की बदली कमान