July 30, 2026

खबरों पर नजर हर पहर

छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर बड़ा ऑपरेशन: दो बाघों की खाल के साथ दो तस्कर गिरफ्तार, वन विभाग अलर्ट

छत्तीसगढ़ में वन विभाग ने वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। कांकेर जिले के पश्चिम भानुप्रतापपुर क्षेत्र के बांदे परिक्षेत्र में छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर संयुक्त अभियान के दौरान दो बाघों की खाल के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।

यह कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिससे वन विभाग और सुरक्षा एजेंसियों को बड़ी सफलता मिली है।


कैसे पकड़े गए आरोपी?

वन विभाग के अनुसार आरोपी मोटरसाइकिल से अवैध रूप से बाघ की खालों की तस्करी कर रहे थे। तभी संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया।

गिरफ्तारी से जुड़ी मुख्य बातें:

  • दो बाघों की खाल बरामद
  • मोटरसाइकिल से हो रही थी तस्करी
  • छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर कार्रवाई
  • गुप्त सूचना पर संयुक्त ऑपरेशन

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान

पकड़े गए दोनों आरोपियों की पहचान महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के निवासी ब्येश्वर और बाबूराव के रूप में हुई है। दोनों पर वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत कार्रवाई की जा रही है।


कई एजेंसियों ने मिलकर चलाया अभियान

इस कार्रवाई में कई एजेंसियों ने संयुक्त रूप से भाग लिया, जिससे यह ऑपरेशन सफल हो सका।

शामिल एजेंसियां:

  • वाइल्डलाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो (WCCB)
  • छत्तीसगढ़ वन विभाग का उड़नदस्ता
  • एंटी पोचिंग यूनिट
  • स्थानीय वन अमला

अन्य आरोपियों की तलाश जारी

वन विभाग के अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि इस तस्करी नेटवर्क में और लोग भी शामिल हो सकते हैं। उनकी पहचान और गिरफ्तारी के लिए जांच तेज कर दी गई है।


न्यायिक हिरासत में भेजे गए आरोपी

गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। फिलहाल मामले की विस्तृत जांच जारी है।


वन्यजीव संरक्षण पर सरकार का सख्त रुख

छत्तीसगढ़ सरकार लगातार वन्यजीवों की सुरक्षा और अवैध तस्करी पर रोक लगाने के लिए सख्त कदम उठा रही है। ऐसे मामलों में संयुक्त अभियान और निगरानी को और मजबूत किया जा रहा है।


आगे क्या?

अब जांच एजेंसियों की नजर इस बात पर है कि यह तस्करी नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें कौन-कौन शामिल है। आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई जा रही है।