May 8, 2026

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जिला बनवा दें और 300 करोड़ दें, मैं पार्टी के साथ रहूंगी: MP की बागी विधायक निर्मला सप्रे ने दी चुनौती


MP की बागी MLA निर्मला सप्रे ने कांग्रेस को दी चुनौती

मध्य प्रदेश के सागर जिले की बीना विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक निर्मला सप्रे ने पार्टी के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार को खुली चुनौती दी है। उन्होंने कहा कि यदि बीना को जिला का दर्जा दिला दिया जाए और क्षेत्रीय विकास के लिए 300 करोड़ रुपए उपलब्ध कराए जाएं, तो वह कांग्रेस के साथ रहने के लिए तैयार हैं।

निर्मला सप्रे ने मीडिया से बातचीत में यह भी स्पष्ट किया कि उनकी विधानसभा सदस्यता का मामला न्यायालय में विचाराधीन है और न्यायालय का निर्णय ही उनका अंतिम रुख तय करेगा।

निर्मला सप्रे का रुख

  • उन्होंने कहा कि जनता अपना निर्णय दे चुकी है और वह फिलहाल क्षेत्र के विकास कार्यों में लगी हैं
  • बीते दो वर्षों में उनके कार्यकाल में लगभग 300 करोड़ रुपए के विकास कार्य पूरे हुए हैं।
  • उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें जहां आमंत्रण मिलता है, वहीं जाती हैं, चाहे वह कांग्रेस कार्यालय हो या अन्य पार्टी के कार्यक्रम।
  • सप्रे ने आरोप लगाया कि यह मामला कुछ नेताओं की साजिश है, पूरी पार्टी की नहीं।

विवादित बयान

निर्मला सप्रे ने कहा:

“यदि उमंग सिंघार बीना को जिला बना दें और विकास कार्यों के लिए राशि उपलब्ध कराएं, तो मैं उनके साथ रहने को तैयार हूं।”

इस बयान ने राजनीतिक हलकों में चर्चा और विरोध दोनों ही बढ़ा दिया है।

कांग्रेस और पूर्व मंत्रियों की प्रतिक्रिया

  • पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने कहा कि सप्रे का बयान जनादेश का अपमान है।
  • उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।
  • उनका कहना है कि यदि विधायक यह कह रही हैं कि उन्हें विकास कार्य और राशि मिलने पर कांग्रेस ज्वाइन करनी पड़ेगी, तो इसका मतलब है कि वर्तमान में वह कांग्रेस का हिस्सा नहीं हैं।

राजनीतिक पृष्ठभूमि

  • निर्मला सप्रे ने 2023 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर बीना सीट से जीत हासिल की थी।
  • मई 2024 में लोकसभा चुनाव के दौरान वह राहतगढ़ में आयोजित भाजपा रैली में मुख्यमंत्री मोहन यादव के साथ मंच पर भाजपा का गमछा पहनकर दिखाई दी थीं।
  • इसके बाद नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त करने के लिए याचिका दायर की थी। यह मामला वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन है।