सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में रासायनिक खाद की कालाबाजारी और अवैध बिक्री पर प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे के निर्देशों के तहत, उप संचालक कृषि आशुतोष श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में एक विशेष नियंत्रण कक्ष का गठन किया गया है, ताकि जिले के किसानों को गुणवत्तायुक्त रासायनिक खाद समय पर और उचित मूल्य पर उपलब्ध हो सके। साथ ही, खाद, बीज और कीटनाशक की कालाबाजारी की शिकायतों के लिए एक टोल-फ्री नंबर 07768-299015 जारी किया गया है, जहां किसान अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
उर्वरक निरीक्षण का कड़ा तरीका:
जिले में रासायनिक खाद की कालाबाजारी पर निगरानी रखने के लिए प्रशासन ने उर्वरक निरीक्षक दल का गठन किया। इस दल ने सबसे अधिक यूरिया स्टॉक रखने वाले व्यापारियों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई व्यापारियों के पास खाद की अधिकतम मात्रा से संबंधित गड़बड़ी पाई गई। खासकर भटगांव और कोदवा सरसीवां जैसे क्षेत्रों में यह गड़बड़ी सामने आई।
प्रमुख कार्रवाई:
- विश्वनाथ साहू कृषि केंद्र भटगांव: इस केंद्र का निरीक्षण किया गया, जिसमें 190.845 टन यूरिया का अंतर पाया गया। इसके कारण, विश्वनाथ साहू कृषि केंद्र का उर्वरक अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) निलंबित कर दिया गया।
- प्रमोद हार्डवेयर, भटगांव: प्रमोद हार्डवेयर का निरीक्षण करने पर 55.800 टन यूरिया का अंतर पाया गया, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि इस व्यापार में अनियमितताएं चल रही हैं। ऐसे में इस व्यापार को नोटिस जारी किया गया है।
दलील और दबाव:
सभी संबंधित अधिकारियों द्वारा की गई कार्रवाई के बाद, किसानों को यह संदेश दिया गया है कि किसी भी प्रकार की खाद की कालाबाजारी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस कार्रवाई के दौरान जयप्रकाश गुप्ता (उर्वरक निरीक्षक), दीनानाथ साहू (ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी) और मयाशंकर जोल्हे (बीटीएम) ने अपनी भूमिका निभाई।
किसानों के लिए टोल-फ्री नंबर:
किसानों को अब रासायनिक खाद, बीज और कीटनाशकों की कालाबाजारी की रिपोर्ट करने के लिए एक सीधा रास्ता मिल गया है। किसानों को अब 07768-299015 टोल-फ्री नंबर पर अपनी शिकायतें दर्ज करने की सुविधा है, जिससे प्रशासन को इन मामलों में और तेजी से कार्रवाई करने में मदद मिलेगी।

More Stories
महिला आयोग का बड़ा एक्शन: महिला कर्मचारियों की शिकायत पर कृषि अधिकारी के निलंबन की अनुशंसा, 32 मामलों की सुनवाई में 15 का समाधान
सरायपाली डायमंड ब्लॉक : 200 टन मलबे की प्रोसेसिंग से निकले 5 बेशकीमती हीरे
Alert! दुर्ग में इस लोकप्रिय मैंगो आइस कैंडी पर लगा बैन, जांच में निकली असुरक्षित; तुरंत जानें पूरा मामला