गरियाबंद//दि बीबीसी लाइव :
जनपद पंचायत CEO करुण डहरिया को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते ACB की टीम ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
आज शुक्रवार को ACB रायपुर की टीम गरियाबंद जनपद पंचायत कार्यालय पहुंची, जहां डिप्टी कलेक्टर को बोरवेल का बिल पास कराने के एवज में रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया।
मामला ग्राम पंचायत चिखली का है जहां मालगांव और मजरकटा में 15वें वित्त में कराए गए 04 बोरवेल खनन के लिए पहली किस्त 3 लाख निकलवाना था, इसके लिए ceo ने 20 हजार रुपए रिश्वत की मांग की थी।
कांग्रेस नेता शफीक खान से जनपद पंचायत सीईओ करुण डहरिया ने 30 अक्टूबर को रकम मांगी थी।
4 नवंबर को कांग्रेस नेता शफीक खान ने पैसा देने की बात कही थी।
आपको बता दें कि मामले की शिकायत शफीक खान ने ACB से की थी। जिसके बाद ACB ने उसे 20 हजार रुपए देकर जनपद पंचायत CEO करुण डहरिया के पास भेजा। जब शफीक ने अधिकारी को पैसा दिया, तो तुरंत एसीबी के अधिकारी वहां पहुंचे और पैसे को जब्त कर करुण डहरिया को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी अनुसार ACB के 20 अधिकारी 4 गाड़ियों में आज सुबह गरियाबंद पहुंचे थे।
आपको बता दें कि डिप्टी कलेक्टर करुण डहरिया ने 7 महीने पहले ही जनपद पंचायत CEO के रूप में पदभार ग्रहण किया था।
श्री डहरिया के खिलाफ पहले भी भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए थे!
आपको बता दें कि करुण डहरिया मूल रूप से कोरबा जिले के रहने वाले हैं। वे 2019 बैच के राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हैं। उनकी पहली पोस्टिंग जिला जांजगीर-चांपा में SDM के रूप में हुई थी। इसके बाद उनका ट्रांसफर पामगढ़ SDM के तौर पर हुआ था। तीसरी पोस्टिंग के तौर पर वे गरियाबंद आए, जहां वे जनपद पंचायत CEO के रूप में हुआ।

More Stories
क्या होता है एनालॉग पनीर? महाराष्ट्र में क्यों लगा बैन, असली पनीर से कितना अलग और सेहत पर क्या असर?
छात्रों पर लाठीचार्ज से भड़की CJP, 24 जिलों में आंदोलन का ऐलान; सरकार को दी बड़े जनआंदोलन की चेतावनी
कल का मौसम: दिल्ली-UP समेत 16 राज्यों में बारिश का अलर्ट, राजस्थान-हिमाचल में भारी बारिश; जानें 12 अगस्त का पूरा