कोटा. पश्चिमी-मध्य रेलवे के कोटा रेल मंडल के मंडल प्रबंधक मनीष तिवारी ने तुगलकाबाद स्थित विद्युत लोको शेड का निरीक्षण किया जहां उन्हें बताया गया कि नवाचार कार्य से रेलवे का सालाना एक करोड़ बचत हुई है।
निरीक्षण के दौरान श्री तिवारी ने इंजनों के रखरखाव, विभिन्न उपकरणों को और कलपुर्जों की जाँच की। साथ ही साथ कंप्रेसर, बोगी और पैंटोग्राफ सेक्शन का निरीक्षण किया। विद्युत लोको शेड, तुगलकाबाद के वरिष्ठ मंडल विधुत इंजीनियर वांछित खरे ने लोको के पेंटाग्राफ से संबंधित नवाचार कार्य के बारे में जानकारी दी। शेड द्वारा हाइ रीच पेंटोग्राफ की कार्बन स्ट्रिप को मोडिफ़ाई कर यूनिवरसल टेंप्लेट तैयार किया है जिससे दोनों ही कार्बन स्ट्रिप इंटेरचंगबले हो जाएंगी। इससे रेल को प्रति कार्बन स्ट्रिप रूपये 20 हजार रूपये की बचत होगी।
साथ ही शेड ने स्मार्ट लोकोमोटिव की तरफ की दिशा में ‘वायरलैस आनलाइन रिमोट टेम्परेचर मॉनीटरिंग सिस्टम’ की पहल की है जिससे ट्रैक्शन मोटर का तापमान सॉफ्टवेर टूल एवं सॉफ्टवेर के माध्यम से शेड में रेमोटेली देखा जा सकेगा। इससे रेलवे एक्सल लॉक के विफ़ल होने से बच सकेगी जिससे रेलवे को लगभग प्रति केस 70 लाख की बचत हो सकेगी। इस नए कार्य से रेलवे को सालाना करीब एक करोड़ रुपए की बचत होगी।

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