एनालॉग पनीर
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने रायगढ़ जिले में मिलावटी और असुरक्षित खाद्य पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार को कई डेयरियों में अचानक निरीक्षण कर खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर सख्त कदम उठाए गए। इस दौरान प्रतिबंधित एनालॉग पनीर और एक्सपायरी खोवा बरामद किया गया। गंभीर अनियमितताओं के चलते एक डेयरी का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए जिलेभर में इस तरह के विशेष जांच अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।
सतगुरु डेयरी में मिला प्रतिबंधित एनालॉग पनीर
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के नियंत्रक के निर्देश पर अधिकारियों ने सतगुरु डेयरी का औचक निरीक्षण किया।
जांच के दौरान वहां से 7 किलोग्राम प्रतिबंधित एनालॉग पनीर बरामद हुआ। अधिकारियों ने नियमानुसार पनीर का नमूना प्रयोगशाला जांच के लिए सुरक्षित रखा, जबकि शेष सामग्री को मौके पर ही नष्ट करा दिया गया।
गंभीर उल्लंघन पाए जाने के बाद डेयरी का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया और संचालक को सुधार सूचना (इम्प्रूवमेंट) नोटिस जारी किया गया।
कई अन्य डेयरियों में भी हुई जांच
विशेष अभियान के दौरान जांच दल ने जिले की अन्य डेयरियों का भी निरीक्षण किया।
निरीक्षण में शामिल प्रतिष्ठान—
- कस्तूरी डेयरी
- सुरभि डेयरी
- मुन्ना डेयरी
- कोड़ातराई स्थित सतीश मशरूम डेयरी
- पटेलपाली स्थित मनोज मशरूम डेयरी
अधिकारियों ने सभी प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा मानकों, भंडारण व्यवस्था और उत्पादों की गुणवत्ता की जांच की।
ओडिशा से लाया गया एक्सपायरी खोवा मिला
जांच के दौरान सतीश पटेल के प्रतिष्ठान से 8 किलोग्राम एक्सपायरी खोवा बरामद किया गया।
प्राथमिक जांच में सामने आया कि यह खोवा ओडिशा से लाया गया था। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने इसे उपभोग के लिए असुरक्षित मानते हुए मौके पर ही नष्ट करा दिया और संबंधित संचालक को नोटिस जारी किया।
विभाग ने दी सख्त चेतावनी
खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने साफ किया है कि खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों के खिलाफ आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
विभाग का कहना है कि अभियान का उद्देश्य—
- उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना।
- मिलावटी और प्रतिबंधित खाद्य उत्पादों पर रोक लगाना।
- खाद्य सुरक्षा एवं गुणवत्ता मानकों का पालन सुनिश्चित करना।
- नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करना।
जांच दल में शामिल रहे अधिकारी
इस विशेष अभियान में विभाग के कई अधिकारी मौजूद रहे।
जांच दल में शामिल थे—
- वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी नेमीचंद पटेल
- खाद्य सुरक्षा अधिकारी शांतनु भट्टाचार्य
- नमूना सहायक सुमन अग्रवाल
इन अधिकारियों ने विभिन्न प्रतिष्ठानों में खाद्य सामग्री के नमूने लिए और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की।
उपभोक्ताओं के लिए क्या है संदेश?
विशेषज्ञों का कहना है कि खाद्य पदार्थ खरीदते समय उपभोक्ताओं को हमेशा सतर्क रहना चाहिए।
ध्यान रखने योग्य बातें:
- केवल लाइसेंसधारी प्रतिष्ठानों से ही डेयरी उत्पाद खरीदें।
- पैक्ड उत्पादों की निर्माण और एक्सपायरी तिथि अवश्य जांचें।
- असामान्य रंग, गंध या गुणवत्ता वाले उत्पादों से बचें।
- संदिग्ध खाद्य सामग्री मिलने पर तुरंत खाद्य एवं औषधि प्रशासन को शिकायत करें।
रायगढ़ में हुई यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि खाद्य सुरक्षा मानकों से समझौता करने वालों के खिलाफ प्रशासन अब सख्त रुख अपना रहा है। प्रतिबंधित एनालॉग पनीर और एक्सपायरी खाद्य सामग्री पर लगातार हो रही कार्रवाई से उपभोक्ताओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं।

More Stories
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट में बड़ा फेरबदल! 34 पुलिसकर्मियों के तबादले, ACCU और थानों में नई तैनाती
बिलासपुर में ATM के अंदर बड़ी ठगी! मदद के बहाने बदला कार्ड, 40 हजार रुपये मिनटों में उड़ाए
इंदौर बनेगा देश की सुरक्षा रणनीति का केंद्र! पश्चिम भारत के DGP करेंगे हाई-लेवल मंथन, ड्रग्स-साइबर क्राइम पर बनेगी नई रणनीति