June 15, 2026

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मुंबई एयरपोर्ट पर मॉडल गिरफ्तार! बैग से निकला 11 करोड़ का ड्रग्स, बैंकॉक कनेक्शन से मचा हड़कंप

मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मॉडल को करोड़ों रुपये के प्रतिबंधित नशीले पदार्थ के साथ गिरफ्तार किया है। इस मामले ने न केवल सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

गिरफ्तार की गई महिला की पहचान 28 वर्षीय हर्षा सनी के रूप में हुई है। वह कथित तौर पर एक प्रसिद्ध ब्यूटी प्रतियोगिता में भाग ले चुकी हैं और मॉडलिंग जगत से जुड़ी रही हैं। अधिकारियों के अनुसार, वह बैंकॉक से मुंबई पहुंची थीं, जहां एयरपोर्ट पर जांच के दौरान उनके सामान से भारी मात्रा में प्रतिबंधित पदार्थ बरामद किया गया।

कैसे हुआ खुलासा?

कस्टम विभाग की एयर इंटेलिजेंस यूनिट को मॉडल की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। नियमित जांच के दौरान अधिकारियों ने उन्हें रोककर पूछताछ की और उनके ट्रॉली बैग की तलाशी ली।

तलाशी के दौरान:

  • ट्रॉली बैग से 12 वैक्यूम-सील्ड पैकेट मिले।
  • पैकेटों में हरे रंग का सूखा पदार्थ भरा हुआ था।
  • मौके पर विशेष परीक्षण किट से जांच की गई।
  • जांच में पदार्थ प्रतिबंधित हाइड्रोपोनिक वीड पाया गया।

इसके बाद अधिकारियों ने तुरंत कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।

बरामद ड्रग्स की कीमत ने चौंकाया

जांच एजेंसियों के मुताबिक बरामद नशीले पदार्थ का वजन काफी अधिक था और अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी अनुमानित कीमत लगभग 11 करोड़ 82 लाख रुपये आंकी गई है।

इतनी बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित पदार्थ की बरामदगी को हाल के वर्षों की महत्वपूर्ण कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।

क्या है हाइड्रोपोनिक वीड?

हाइड्रोपोनिक वीड एक विशेष तरीके से तैयार किया जाने वाला नशीला पदार्थ है। इसे सामान्य खेती की तरह मिट्टी में नहीं उगाया जाता बल्कि नियंत्रित वातावरण में विशेष तकनीकों के माध्यम से तैयार किया जाता है।

इसकी प्रमुख विशेषताएं:

  • नियंत्रित तापमान और रोशनी में उत्पादन
  • सामान्य गांजे की तुलना में अधिक प्रभाव
  • अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊंची कीमत
  • तस्करों के बीच बढ़ती मांग

विशेषज्ञों के अनुसार इसकी अवैध तस्करी कई देशों में सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बनी हुई है।

कोर्ट ने भेजा न्यायिक हिरासत में

गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।

जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि:

  • नशीला पदार्थ किस नेटवर्क के जरिए भारत लाया गया?
  • क्या इस मामले में अन्य लोग भी शामिल हैं?
  • बैंकॉक से जुड़े संपर्क कौन हैं?
  • क्या यह किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय गिरोह का हिस्सा है?

बैंकॉक कनेक्शन पर फोकस

जांच का सबसे महत्वपूर्ण पहलू बैंकॉक कनेक्शन माना जा रहा है। अधिकारियों को आशंका है कि यह मामला किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है।

कस्टम विभाग और अन्य एजेंसियां डिजिटल रिकॉर्ड, यात्रा इतिहास और संपर्कों की जांच कर रही हैं। आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।