May 8, 2026

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कोरबा NH-130 हादसा: SECL अधिकारी आरके त्यागी की सड़क दुर्घटना में मौत, हाईवे की सुरक्षा पर सवाल

कोरबा। एसईसीएल के वरिष्ठ अधिकारी आर के त्यागी की सड़क हादसे में मौत हो गई। वे हाल ही में पदोन्नति के बाद नई जिम्मेदारी संभालने के लिए सिंगरौली जा रहे थे। नेशनल हाईवे 130 पर बांगो थाना क्षेत्र के चोटिया के पास हुए इस हादसे के बाद एसईसीएल अधिकारियों और कर्मचारियों में शोक की लहर फैल गई।

जानकारी के अनुसार, आरके त्यागी को हाल ही में डायरेक्टर टेक्निकल पद पर प्रमोट किया गया था। वे गुरुवार रात करीब 12 बजे गेवरा से इनोवा कार में सवार होकर सिंगरौली के लिए रवाना हुए थे।

रास्ते में चोटिया के पास उनकी कार आगे चल रहे एक पार्सल वाहन से टकरा गई। बताया जा रहा है कि टक्कर इतनी तेज थी कि इनोवा कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में आरके त्यागी गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद उन्हें उपचार के लिए अपोलो हॉस्पिटल भेजा गया। शुक्रवार सुबह करीब तीन बजे चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

घटना की सूचना मिलते ही बांगो पुलिस मौके पर पहुंची और हादसे की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने मामला दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

आरके त्यागी एसईसीएल में लंबे समय तक विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर कार्यरत रहे। गेवरा क्षेत्र में महाप्रबंधक रहते हुए उन्होंने कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं में अपनी भूमिका निभाई थी। उनके निधन की खबर से एसईसीएल परिवार में शोक का माहौल है।

नेशनल हाईवे 130 पर लगातार हो रहे सड़क हादसों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। तेज रफ्तार, भारी वाहनों की आवाजाही और लापरवाही के कारण यह मार्ग दुर्घटनाओं का केंद्र बनता जा रहा है।

पिछले 15 दिनों में जिले में कई जानलेवा हादसे सामने आ चुके हैं। कटघोरा क्षेत्र में तेज रफ्तार बाइक डिवाइडर से टकरा गई थी, जिसमें दो युवकों की मौत हुई थी। दीपका मार्ग पर ट्रेलर और बाइक की भिड़ंत में एक युवक की जान चली गई थी।

इसके अलावा बांगो क्षेत्र में कार और ट्रक की टक्कर में एक परिवार के सदस्य की मौत हुई थी, जबकि अन्य घायल हो गए थे। वहीं उरगा मार्ग पर तेज रफ्तार वाहन की चपेट में आने से एक राहगीर की भी मौत हो चुकी है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर भारी वाहनों की तेज आवाजाही, ओवरटेकिंग और कई स्थानों पर पर्याप्त संकेतकों की कमी के कारण हादसे लगातार बढ़ रहे हैं। लोगों ने प्रशासन से हाईवे पर निगरानी बढ़ाने, गति नियंत्रण लागू करने और संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा उपाय मजबूत करने की मांग की है।