May 6, 2026

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रायपुर में T-20 वर्ल्ड कप के बीच बड़ा एक्शन: 17 लाख नकद के साथ ऑनलाइन सट्टा गिरोह पकड़ा, मास्टरमाइंड ओम खेमानी गिरफ्तार

रायपुर : T-20 वर्ल्ड कप के बीच राजधानी में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित करने वाले एक संगठित गिरोह का एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और थाना कबीर नगर पुलिस की संयुक्त टीम ने पर्दाफाश किया है. चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 17 लाख रुपये नकद सहित कुल करीब 19.70 लाख रुपये का मशरुका जब्त किया गया. आरोपियों के खिलाफ थाना कबीर नगर में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 7 और 112(2) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है.
पुलिस को 11 फरवरी 2026 को खबर मिली थी कि कबीर नगर थाना क्षेत्रांतर्गत फेस-02 तिरंगा चौक के पास कुछ लोग ऑनलाइन सट्टा संचालित कर रहे हैं. एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट तथा कबीर नगर पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर दबिश दी. घेराबंदी कर चार व्यक्तियों को गिरफ्तार किया.
आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच करने पर खुलासा हुआ कि वे ramco777.com, wood777.com और powerexch.com जैसी ऑनलाइन बैटिंग वेबसाइटों पर मास्टर आईडी बनाकर कमीशन के आधार पर अन्य लोगों को आईडी उपलब्ध कराते थे. आरोपी ऑनलाइन सट्टा खेलने वालों को आईडी बेचकर अवैध लाभ कमा रहे थे. लेन-देन के लिए वे कथित “म्यूल खातों” का उपयोग कर रहे थे. जो किराये पर लिए गए थे. पुलिस अब इन खाताधारकों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी में है.
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 17 लाख रुपये नकद, 7 मोबाइल फोन, 4 बैंक पासबुक, 1 चेकबुक और 27 एटीएम/क्रेडिट/डेबिट कार्ड जब्त किए हैं. जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 19.70 लाख रुपये आंकी गई है.
जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ओम खेमानी पूर्व में थाना आमानाका तथा दीपक सचदेवा थाना खम्हारडीह क्षेत्र में सट्टा प्रकरणों में जेल जा चुके हैं. बावजूद इसके उन्होंने फिर से अवैध गतिविधियों में संलिप्तता दिखाई. पुलिस को ऑनलाइन सट्टा खेलने वाले कई ग्राहकों की जानकारी भी मिली है. अधिकारियों का कहना है कि उनके खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी.
एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट ने वर्ष 2026 में अब तक ऑनलाइन सट्टे के तीन अलग-अलग मामलों में 14 आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इन मामलों में कुल 1.04 करोड़ रुपये से ज्यादा नकदी, 2 लैपटॉप, 27 मोबाइल फोन, 4 चारपहिया वाहन और अन्य बैंकिंग दस्तावेज जब्त किए गए हैं. जब्त संपत्ति का कुल मूल्य लगभग 1.92 करोड़ रुपये बताया गया है.