April 25, 2026

खबरों पर नजर हर पहर

युवाओं को मतदान के प्रति जागरूक करने चलेगा अभियान, CBSE और स्टेट के पाठ्यक्रमों में किया जाएगा शामिल

भोपाल। चुनाव आयोग मतदाताओं खासकर युवाओं को मतदान के प्रति जागरूक करने के लिए अब इसे पाठ्यक्रम में भी शामिल किया जाएगा। अब स्कूल कॉलेज में युवाओं को मतदान के मायने पढ़ाए जाएंगे। उन्हें एक-एक वोट की कीमत बताते हुए लोकतांत्रिक पद्धति के जरिए सरकार चुनाव की व्यवस्था बताई जाएगी। इसके लिए स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय के पाठ्यक्रम में मतदाता जागरूकता वोटिंग के महत्व और सरकार चुनने में उनकी भूमिका को शामिल किया जाएगा।

कब शुरू होगी व्यवस्था
यह व्यवस्था अगले साल से लागू होगी। सीबीएसई और स्टेट के पाठ्यक्रमों में इसे शामिल किया जाएगा। इस संबंध में भारत निर्वाचन, यूजीसी, एनसीईआरटी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के समक्ष एक एमओयू साइन किया है। एनसीईआरटी इस कोर्स को डिजाइन कर इस पाठ्यक्रम में शामिल करेगी। वहीं यूजीसी देश के सभी विश्वविद्यालयों को यह निर्देश देगी कि इस पाठ्यक्रमों में मतदाता जागरूकता मतदाता सूची के नाम जुड़वाने और पसंदीदा सरकार बनाने का एक अलग चैप्टर तैयार कर उसे चरणबाद तरीके से शामिल किया जाए। इन्हें यह भी बताया जाएगा कि यह वोटर लिस्ट में किस तरह से अपना नाम जोड़ सकेंगे।

युवा वोटर होंगे जागरूक

देशभर में युवा मतदाता सबसे ज्यादा है युवाओं की रुचि मतदाता सूची में नाम जुड़वाने को लेकर बहुत कम होती है। इसके साथ ही अगर नाम सूची में हो, तो भी इन्हें वोटिंग में ज्यादा रुचि नहीं होती। इसके अलावा युवा वोटर को जागरूक करने के लिए लोकसभा, विधानसभा, निकाय और पंचायत चुनाव में करोड रुपए खर्च किए गए चाहते हैं. नए मतदाताओं के नाम जोड़ने को लेकर भी तमाम अभियान चलाए जाते हैं. अगर इस तरह की शिक्षा दी जाएगी तो युवा 18 साल के होने पर अपने नाम सूची में जुड़वाने के लिए प्रेरित होंगे और वोटिंग भी करेंगे इससे विभाग का पैसा और समय भी बचेगा मतदान का प्रतिशत भी बढ़ेगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी अनुपम राजन का कहना है कि स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को मतदान से जुड़े विषयों पर विचार करते हुए शिक्षा देने वाली एजेंसियों से एमओयू किया गया है। इसे पाठ्यक्रमों में शामिल करने का काम पाठ्यक्रम तैयार करवाने वाली एजेंसी को करना है। युवाओं को मतदान के प्रति शुरू से जागरूक किया जाएगा तो मतदान का प्रतिशत बढ़ेगा।